MPFSTS पोर्टल का सम्पूर्ण प्रक्रिया प्रवाह
पंजीयन से भुगतान तक — दस चरण, एवं प्रत्येक किस लॉग इन से होता है
कृषक द्वारा योजना एवं घटक का चयन, लाभ के रकबे की प्रविष्टि, लेटरल एवं वेंडर का चयन, शपथ पत्र एवं अनुबंध पत्र का OTP द्वारा सत्यापन।
वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी द्वारा विकासखंड स्तर पर दस्तावेज़ सत्यापन।
आवेदन दिनांक से 7 दिवस के भीतरउप / सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा जिला स्तर पर अनुमोदन।
सत्यापन से 7 दिवस के भीतरगठित समिति द्वारा आयोजित, संचालनालय स्तर से प्रकाशित।
कृषक के पक्ष में, अथवा वेंडर-क्रियान्वित घटकों में एम.पी. स्टेट एग्रो के पक्ष में जारी।
कृषक, वेंडर अथवा SHDO के लॉग इन पैनल से सूचित।
45 दिवस (PDMC) · 60 दिवस (संरक्षित खेती)MP किसान मोबाइल एप्लीकेशन से किया जाता है। केवल जियो-टैग हो चुके प्रकरण ही विकासखंड स्तर पर भौतिक सत्यापन हेतु दिखाई देते हैं।
इन्फ्रा-मैपिंग मोबाइल एप के माध्यम से; विवरण एवं क्षेत्रीय फोटो MPFSTS पोर्टल पर प्रविष्ट।
कार्य पूर्ण की दिनांक से 15 दिवस के भीतरकृषक अथवा वेंडर लॉग इन पैनल से प्रविष्ट।
अनुदान भुगतान हेतु कोषालय के पक्ष में जारी।
भुगतान की जानकारी DDH / ADH लॉग इन पैनल से पोर्टल पर अपलोड।
लॉग इन अनुसार उत्तरदायित्व चार्ट
कौन क्या करता है, एवं कितने दिवस में
| चरण | किसके द्वारा | लॉग इन पैनल | समय-सीमा | चूकने पर क्या होता है |
|---|---|---|---|---|
| पंजीयन + आधार eKYC | कृषक | सार्वजनिक पोर्टल | — | वर्ष भर खुला |
| योजना में आवेदन | कृषक | कृषक लॉग इन | आवेदन अवधि | अगली अवधि की प्रतीक्षा |
| दस्तावेज़ सत्यापन | SHDO | SHDO लॉग इन | 7 दिवस | समय-सीमा उल्लंघन जिला एवं संचालनालय को सूचित |
| दस्तावेज़ अनुमोदन | ADH / DDH | जिला लॉग इन | 7 दिवस | समय-सीमा उल्लंघन चिह्नित; स्वतः एस्केलेशन |
| कृषक अंश जमा | कृषक | बैंक स्थानांतरण + पोर्टल अपलोड | 15 दिवस | आवेदन स्वतः निरस्त हो जाता है |
| कार्यादेश जारी | ADH / DDH → MP State Agro | जिला एवं एग्रो लॉग इन | — | — |
| कार्य समाप्ति | कृषक / वेंडर | कृषक / वेंडर लॉग इन | 45–60 दिवस | कार्यादेश स्वतः निरस्त हो जाता है |
| जियो-टैगिंग | वेंडर / SHDO | MP किसान मोबाइल एप | — | प्रकरण भौतिक सत्यापन तक नहीं पहुँचता |
| भौतिक सत्यापन | SHDO | इन्फ्रा-मैपिंग एप + पोर्टल | 15 दिवस | समय-सीमा उल्लंघन चिह्नित; भुगतान विलंबित |
| देयक निर्माण | ADH / DDH | जिला लॉग इन | — | — |
| भुगतान (NEFT / RTGS) | कोषालय | कोषालय; DDH/ADH द्वारा अपलोड | — | — |
पंजीयन प्रक्रिया प्रवाह
निःशुल्क ऑनलाइन सेवा — कृषक, उद्यमी एवं संस्था
Send OTP → Have OTP → कैप्चा सहित वन टाइम पासवर्ड दर्ज करें → Verify OTP।
आधार क्रमांक प्रविष्ट करें → Generate eKYC OTP → OTP दर्ज करें → सत्यापित करें।
डिवाइस चुनें (Morpho / Mantra / Startek), आधार क्रमांक प्रविष्ट करें, फिर कैप्चर फिंगर प्रिंट करें।
कृषक / उद्यमी / संस्था। वर्ग, पता, NEFT-RTGS हेतु बैंक खाता।
प्रत्येक प्रक्षेत्र हेतु खसरा क्रमांक, रकबा, सिंचाई स्रोत, मृदा प्रकार एवं वर्तमान फसल।
खसरा / खतौनी, बैंक पासबुक, फोटो, एवं लागू होने पर जाति प्रमाण-पत्र।
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PDMC) — सम्पूर्ण डाटा फ्लो डायग्राम
मध्य प्रदेश राज्य · ऑनलाइन अनुदान · ड्रिप एवं स्प्रिंकलर
कृषक द्वारा पोर्टल से eKYC बायोमैट्रिक / OTP के माध्यम से सत्यापन उपरांत पंजीयन।
प्रदाय लॉग इन पैनल से लॉग इन · योजना एवं घटक का चयन · लाभ के रकबे की प्रविष्टि · लेटरल का चयन · वेंडर का चयन · शपथ पत्र एवं अनुबंध पत्र का सत्यापन · OTP के माध्यम से हितग्राही का सत्यापन · सुरक्षित करें।
वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी द्वारा दस्तावेज़ सत्यापन।
आवेदन दिनांक से 7 दिवस के अन्दर सत्यापन किया जाना आवश्यक हैउप / सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा दस्तावेज़ अनुमोदन।
विकासखंड स्तर से दस्तावेज़ सत्यापन से 7 दिवस के अन्दर आवश्यकजिला स्तर से अनुमोदन उपरांत निर्धारित 15 दिवस के अन्दर कृषक द्वारा कृषक अंश राशि सम्बंधित कंपनी के बैंक खाते में स्थानांतरित किया जाना आवश्यक है। कृषक अंश राशि का विवरण कंपनी द्वारा पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा।
1. उप/सहायक संचालक स्तर से एम.पी.स्टेट.एग्रो. के पक्ष में कार्य आदेश जारी। 2. जिला प्रबंधक एम.पी.स्टेट.एग्रो. के माध्यम से वेंडर के पक्ष में कार्य आदेश जारी।
कार्य आदेश जारी होने के उपरांत कार्य प्रारंभ की सूचना वेंडर पैनल से वेंडर द्वारा दी जाएगी।
1. जिला प्रबंधक के माध्यम से कार्य आदेश जारी होने की दिनांक से 45 दिनों के अन्दर कार्य समाप्ति की सूचना वेंडर द्वारा पोर्टल के माध्यम से दी जाएगी; अन्यथा कार्य आदेश स्वतः निरस्त हो जाएगा। 2. Geo Tagging की प्रक्रिया वेंडर के माध्यम से की जाएगी। 3. जिन प्रकरणों की Geo Tagging हो चुकी होगी केवल वे ही प्रकरण भौतिक सत्यापन की जानकारी प्रविष्ट करते समय विकासखंड स्तर पर दिखाई देंगे। 4. कंपनी द्वारा कृषक अंश प्राप्ति का क्रेडिट-नोट / क्रेडिट कन्फर्मेशन MP AGRO जिला कार्यालय को प्रस्तुत किया जाएगा।
1. वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी (SHDO) द्वारा भौतिक सत्यापन मोबाइल एप (इन्फ्रामैपिंग) के माध्यम से किया जाना। 2. मोबाइल एप से की गई भौतिक सत्यापन की जानकारी MPFSTS पोर्टल पर कार्य पूर्ण की दिनांक से 15 दिनों के अन्दर प्रविष्ट किया जाना एवं फील्ड स्तर पर लगाई गई सामग्री का फोटोग्राफ अपलोड किया जाना आवश्यक है। 3. SHDO के माध्यम से एम.पी.स्टेट.एग्रो. द्वारा अपलोड किये गए देयक की पुष्टि एवं भौतिक सत्यापन।
1. वेंडर द्वारा एम.पी.स्टेट.एग्रो. के पक्ष में अनुदान भुगतान हेतु देयक जारी किया जाना। 2. एम.पी.स्टेट.एग्रो. द्वारा उद्यानिकी विभाग के पक्ष में अनुदान भुगतान हेतु देयक जारी किया जाना।
उप/सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा एम.पी.स्टेट.एग्रो. को अनुदान भुगतान हेतु कोषालय के पक्ष में देयक जारी किया जाना।
1. एम.पी.स्टेट.एग्रो. के पक्ष में अनुदान का भुगतान कोषालय स्तर से किया जाना। 2. जिला प्रबंधक एम.पी.स्टेट.एग्रो. द्वारा वेंडर को अनुदान का भुगतान RTGS/NEFT के माध्यम से किया जाना। 3. उक्त बिंदु क्रमांक 1 एवं 2 की जानकारी पोर्टल पर अपलोड किया जाना आवश्यक है।
संरक्षित खेती — पॉली हाउस एवं शेडनेट हाउस
संरक्षित खेती योजना अंतर्गत ऑनलाइन अनुदान हेतु सम्पूर्ण डाटा फ्लो डायग्राम
कृषक द्वारा पोर्टल से eKYC बायोमैट्रिक / OTP के माध्यम से सत्यापन उपरांत पंजीयन।
प्रदाय लॉग इन पैनल से लॉग इन · योजना एवं घटक का चयन · लाभ के रकबे की प्रविष्टि · वेंडर का चयन · कृषक अंश भुगतान की पावती / प्रति अपलोड · सुरक्षित करें।
उप / सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा।
विकासखंड स्तर से सत्यापन से 7 दिवस के अन्दरजिला स्तर से अनुमोदन उपरांत कृषक द्वारा कृषक अंश राशि सम्बंधित जिला प्रबंधक के जिला कार्यालय में स्थानांतरित कर, कृषक अंश राशि का विवरण जिला प्रबंधक द्वारा पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा।
1. उप/सहायक संचालक स्तर से एम.पी.स्टेट.एग्रो. के पक्ष में कार्यादेश जारी। 2. जिला प्रबंधक एम.पी.स्टेट.एग्रो. के माध्यम से वेंडर के पक्ष में कार्यादेश जारी।
कार्य आदेश जारी होने के उपरांत कार्य प्रारंभ की सूचना वेंडर पैनल से दी जाएगी।
जिला प्रबंधक के माध्यम से कार्य आदेश जारी होने की दिनांक से 60 दिनों के अन्दर कार्य समाप्ति की सूचना वेंडर द्वारा पोर्टल (प्रदाय लॉग इन) के माध्यम से दी जाएगी; अन्यथा कार्य आदेश स्वतः निरस्त हो जाएगा।
1. वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी (SHDO) द्वारा भौतिक सत्यापन मोबाइल एप (इन्फ्रामैपिंग) के माध्यम से। 2. जानकारी MPFSTS पोर्टल पर कार्य पूर्ण की दिनांक से 15 दिनों के अन्दर प्रविष्ट, एवं फील्ड स्तर पर लगाई गई सामग्री का फोटोग्राफ अपलोड आवश्यक। 3. SHDO के माध्यम से एम.पी.स्टेट.एग्रो. द्वारा अपलोड किये गए देयक की पुष्टि एवं भौतिक सत्यापन।
1. वेंडर द्वारा एम.पी.स्टेट.एग्रो. के पक्ष में अनुदान भुगतान हेतु देयक जारी। 2. एम.पी.स्टेट.एग्रो. द्वारा उद्यानिकी विभाग के पक्ष में अनुदान भुगतान हेतु देयक जारी।
उप/सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा एम.पी.स्टेट.एग्रो. को अनुदान भुगतान हेतु कोषालय के पक्ष में देयक जारी किया जाना।
1. एम.पी.स्टेट.एग्रो. के पक्ष में अनुदान का भुगतान कोषालय स्तर से किया जाना। 2. जिला प्रबंधक एम.पी.स्टेट.एग्रो. द्वारा वेंडर को अनुदान का भुगतान RTGS/NEFT के माध्यम से। 3. दोनों की जानकारी पोर्टल पर अपलोड किया जाना आवश्यक है।
अन्य सभी योजनाएँ — डाटा फ्लो डायग्राम
PDMC, पॉली हाउस एवं शेडनेट हाउस के अतिरिक्त अन्य सभी योजनाएँ
कृषक द्वारा पोर्टल से eKYC बायोमैट्रिक / OTP के माध्यम से सत्यापन उपरांत पंजीयन।
कृषक द्वारा स्वयं को प्रदाय लॉग इन पैनल से लॉग इन · योजना एवं घटक का चयन · लाभ के रकबे की प्रविष्टि · कैप्चा कोड की प्रविष्टि · सुरक्षित करें।
वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी (SHDO) द्वारा दस्तावेज़ सत्यापन।
आवेदन दिनांक से 7 दिवस के अन्दरउप / सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा दस्तावेज़ अनुमोदन।
विकासखंड स्तर से दस्तावेज़ सत्यापन से 7 दिवस के अन्दरजिला स्तर से अनुमोदन उपरांत सम्बंधित कृषक के पक्ष में कार्य आदेश जारी (उप/सहायक संचालक द्वारा)।
कार्य आदेश जारी होने के उपरांत कार्य प्रारंभ की सूचना कृषक / वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी (प्रदाय लॉग इन) के माध्यम से दी जाएगी।
कार्य समाप्ति की सूचना कृषक / वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी (प्रदाय लॉग इन) के माध्यम से दी जाएगी।
1. वरिष्ठ उद्यानिकी विकास अधिकारी (SHDO) द्वारा कार्य समाप्ति की दिनांक से 15 दिनों के अन्दर भौतिक सत्यापन किया जाना आवश्यक है। 2. इन्फ्रामैपिंग से की गई भौतिक सत्यापन की जानकारी MPFSTS पोर्टल पर प्रविष्ट किया जाना एवं फील्ड स्तर पर लगाई गयी सामग्री का फोटोग्राफ अपलोड किया जाना आवश्यक है।
उप/सहायक संचालक उद्यानिकी द्वारा कृषक को अनुदान भुगतान हेतु कोषालय के पक्ष में देयक जारी किया जाना।
कृषक के पक्ष में अनुदान का भुगतान कोषालय स्तर से NEFT/RTGS के माध्यम से किया जाना।
जियो-टैगिंग प्रवाह — MP किसान मोबाइल एप
वेंडर के सेवा प्रदाता अथवा SHDO द्वारा किया जाता है
वेंडर के क्षेत्रीय कर्मी वेब पैनल से वेंडर द्वारा बनाई गई यूज़र आई.डी. एवं पासवर्ड से लॉग इन करते हैं।
उदाहरण PDMC → ड्रिप / स्प्रिंकलर। जियो-टैग किए जाने वाले किसानों की सूची प्रदर्शित होती है।
किसान का विवरण देखें, फिर जियो-टैगिंग प्रारंभ करने हेतु 'आगे बढ़ें' पर क्लिक करें।
तीनों निर्धारित कोणों हेतु कैमरा खुलता है। निर्देशानुसार फोटो लें, क्रॉप करें, एवं प्रत्येक को सुरक्षित करने हेतु ओके पर क्लिक करें।
सभी निर्देशानुसार फोटो लेने पर जिस स्थान से फोटो लिया है उस स्थान की लोकेशन स्वतः जियो-टैगिंग के माध्यम से दिखाई देने लगेगी। अपना रिमार्क लिखकर सुरक्षित करें पर क्लिक करें।
'ऑफलाइन' पर क्लिक करने पर जानकारी डिवाइस पर सुरक्षित हो जाती है। बाद में 'अपना ऑफलाइन डाटा' खोलें, रिकॉर्ड चुनें एवं 'रिकॉर्ड अपलोड करें' पर क्लिक करें — हाँ करने पर जानकारी ऑनलाइन सेव हो जाएगी।
वेब पैनल से वेंडर वित्तीय वर्ष, जिला, योजना एवं फसल सामग्री का चयन कर फोटो देखता है, एवं सेवा प्रदाता द्वारा किए गए जियो-टैगिंग को अनुमोदित अथवा निरस्त करता है।
जिन प्रकरणों की जियो-टैगिंग हो चुकी होगी केवल वे ही प्रकरण भौतिक सत्यापन की जानकारी प्रविष्ट करते समय विकासखंड स्तर पर दिखाई देंगे।
देयक एवं भुगतान प्रवाह
धन कैसे प्रवाहित होता है — एवं भुगतान किसको होगा यह कौन तय करता है
मार्ग A — वेंडर-क्रियान्वित योजनाएँ
PDMC, पॉली हाउस, शेडनेट हाउस
- कृषक द्वारा कृषक अंश भुगतान कंपनी के खाते में (PDMC) अथवा एम.पी. स्टेट एग्रो जिला कार्यालय में (संरक्षित खेती)
- वेंडर द्वारा एम.पी. स्टेट एग्रो को देयककार्य समाप्ति एवं भौतिक सत्यापन के पश्चात्
- एम.पी. स्टेट एग्रो द्वारा विभाग को देयकअनुदान भुगतान हेतु
- ADH / DDH द्वारा कोषालय को देयकएम.पी. स्टेट एग्रो के पक्ष में
- कोषालय द्वारा एम.पी. स्टेट एग्रो को भुगतान—
- जिला प्रबंधक द्वारा वेंडर को भुगतानRTGS / NEFT · पोर्टल पर अपलोड
मार्ग B — कृषक-क्रियान्वित योजनाएँ
MIDH, RKVY, MIDH, राज्य योजनाएँ
- कृषक द्वारा कार्य निष्पादनपोर्टल पर प्रारंभ एवं समाप्ति की सूचना
- SHDO द्वारा भौतिक सत्यापन15 दिवस के भीतर
- जिला तय करता है भुगतान किसको कृषक, नर्सरी, विपणन संस्था अथवा विक्रेता — देयक निर्माण से पूर्व निर्धारित
- ADH / DDH द्वारा देयक निर्माणमांग संख्या सहित, कोषालय के पक्ष में
- कोषालय द्वारा सीधे भुगतानNEFT / RTGS
धन प्रवाह के साथ बनने वाले दस्तावेज़
| दस्तावेज़ | किसके द्वारा | किस चरण पर | कहाँ दिखाई देता है |
|---|---|---|---|
| अनुबंध पत्र | कृषक + वेंडर | आवेदन | कृषक एवं वेंडर पैनल |
| कार्यादेश (आदेश पत्र) | ADH / DDH | अनुमोदन के पश्चात् | समस्त पैनल |
| क्रेडिट नोट / क्रेडिट कन्फर्मेशन | वेंडर / जिला प्रबंधक | कृषक अंश प्राप्ति पर | जिला एवं SHDO पैनल |
| भौतिक सत्यापन प्रतिवेदन | SHDO | कार्य समाप्ति के पश्चात् | जिला पैनल |
| देयक (बिल) मांग संख्या सहित | ADH / DDH | सत्यापन के पश्चात् | कोषालय एवं जिला |
| स्वीकृति आदेश | ADH / DDH | देयक के साथ | वेंडर / कृषक |
| Form MPTC-46 | जिला कार्यालय | कोषालय प्रस्तुति | कोषालय |
| ई-भुगतान अभिलेख (UTR) | कोषालय, ADH/DDH द्वारा अपलोड | भुगतान पर | कृषक पैनल एवं एप |